खाद-बीज-दवाई विक्रेताओं की सांकेतिक हड़ताल
13 सूत्रीय मांगों को लेकर एसडीएम व तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन

थांदला । कृषि आदान व्यापार में लगातार बढ़ते सरकारी हस्तक्षेप और नए नियमों के विरोध में खाद, बीज एवं दवाई विक्रेता संघ थांदला द्वारा रविवार को एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल कर 13 सूत्रीय मांगों को लेकर एसडीएम एवं तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया।
आल इंडिया संघ के अध्यक्ष मनमोहन कलंत्री ने बताया कि सरकार द्वारा कृषि आदान व्यापार में लगातार नए-नए कानून लागू किए जा रहे हैं, जिससे खाद, बीज और दवाई का व्यापार प्रभावित हो रहा है। व्यापारियों का कहना है कि अत्यधिक सरकारी नियंत्रण के कारण उनका व्यवसाय चौपट होने की स्थिति में पहुंच गया है। इसी के विरोध में 27 अप्रैल 2026 को देशभर में एक दिन की सांकेतिक हड़ताल का आह्वान किया गया।
मध्यप्रदेश संघ के अध्यक्ष मानसिंह राजपूत तथा आल इंडिया संघ के प्रवक्ता संजय रघुवंशी ने भी इस आंदोलन को समर्थन देते हुए सभी जिला एवं तहसील स्तरीय संगठनों से हड़ताल को सफल बनाने की अपील की थी। इसी क्रम में झाबुआ जिले के खाद-बीज-दवाई विक्रेता संघ ने अपने सभी सदस्यों से व्यवसाय बंद रखने का अनुरोध किया।

थांदला के स्थानीय व्यापारियों ने अनुविभागीय अधिकारी भास्कर गाचले एवं तहसीलदार सुखदेव सिंह डावर को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में व्यापारियों ने अपनी 13 सूत्रीय मांगों को रखते हुए कहा कि कृषि आदान व्यवसाय पर बढ़ते दबाव और नियमों के कारण व्यापारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
इस दौरान निलेश बरमेचा, आशीष वोहरा, सारांश पिचा, आशुतोष राठौड़, राजमल चोपड़ा, अमित सालगिया, जयश पाटीदार, सेफी बोहरा, हेमंत जैन, बलराम चौहान, राजू राठौड़, प्रतीक पावेचा, आनंद जैन, जयेंद्र आचार्य, विनीत राजावत, भगत सिंह सहित बड़ी संख्या में विक्रेता उपस्थित रहे।
व्यापारियों ने प्रशासन से अनुरोध किया कि उनकी समस्याओं से वरिष्ठ कार्यालय को अवगत करवाकर उचित सहयोग प्रदान किया जाए तथा ज्ञापन को प्रधानमंत्री कार्यालय, दिल्ली तक पहुंचाने की व्यवस्था की जाए।





