आयशर की छत में बने गुप्त केबिन से 111 पेटी शराब बरामद, तस्कर गिरफ्तार
पुलिस ने 30.53 लाख रुपये की अवैध शराब और वाहन किया जब्त

निर्मल मोठिया
थांदला । अवैध शराब तस्करी के खिलाफ झाबुआ पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। 31 मई 2026 को थांदला पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए एक आयशर वाहन से भारी मात्रा में अवैध मदिरा जप्त की है। तस्करों ने शराब छुपाने के लिए वाहन की छत पर विशेष रूप से एक गुप्त केबिन बना रखा था। जप्त की गई शराब एवं वाहन की कुल कीमत 30 लाख 53 हजार रुपये आंकी गई है।
मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी
जानकारी के अनुसार रात्रि गश्त के दौरान थांदला पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि एक संदिग्ध आयशर वाहन तीमारवानी की ओर से अवैध शराब लेकर परवलिया की तरफ जाने वाला है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी अशोक कनेश के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई, जिसमें उप निरीक्षक कुंवर सिंह रावत, सहायक उप निरीक्षक शैलेंद्र कुमार शुक्ला एवं प्रधान आरक्षक राजेंद्र रावत शामिल थे। पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर घेराबंदी कर संदिग्ध वाहन को रोककर तलाशी ली।
तलाशी में खुला गुप्त केबिन का राज
प्रारंभिक जांच में वाहन खाली दिखाई दे रहा था, लेकिन पुलिस की सतर्कता और बारीकी से की गई जांच में तस्करों की चालाकी उजागर हो गई। वाहन की छत पर अतिरिक्त प्लाई लगाकर एक गुप्त चेंबर बनाया गया था, जिसमें शराब की पेटियां छुपाई गई थीं। ऊपर से इसे तिरपाल से ढक दिया गया था ताकि किसी को संदेह न हो। रात्रि अधिक होने के कारण वाहन एवं आरोपी को थांदला थाना लाया गया, जहां गिनती के दौरान कुल 111 पेटी अवैध शराब बरामद हुई।
जप्त शराब का विवरण
कुल 1234.5 बल्क लीटर शराब बरामद की गई, जिसमें—
– बियर किंगफिशर – 62 पेटी
– बियर कार्ल्सबर्ग – 20 पेटी
– विस्की रॉयल स्टैग – 20 पेटी
– वोदका मैजिक मोमेंट्स – 07 पेटी
– विस्की 8 PM – 02 पेटी

राजस्थान से गुजरात जा रही थी खेप
पुलिस ने वाहन चालक सुरेश कुमार पिता छगन राम, निवासी रामसरिया बायडू, जिला बाड़मेर (राजस्थान) को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सामने आया कि शराब की यह खेप राजस्थान से मध्य प्रदेश होते हुए गुजरात ले जाई जा रही थी।
आगे की कार्रवाई जारी
थांदला पुलिस द्वारा शराब तस्करी के इस नेटवर्क, इसके मुख्य सप्लायरों तथा अन्य सह-आरोपियों के संबंध में गहन विवेचना की जा रही है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड लेने की कार्रवाई की जाएगी, ताकि तस्करी के इस बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया जा सके।





