गरबा दलों ने केसरिया झंडों के साथ गरबा कर बताया सनातन धर्म का महत्व
भारत के बड़े गायक अपूर्व शाह भी 2 दिनों के फुटतालाब आएँगे

सौरभ खेमसरा
मेघनगर । विश्व का सबसे मजबूत धर्म है सनातन धर्म…. सनातन धर्म की पताका प्राचीन समय से लेकर अभी तक प्रसांगिक और सर्वमान्य है हिन्दू धर्म का केसरिया रँग जहाँ भारत की आध्यात्मिक शक्ति का प्रतीक है वही लोगों की आस्था का केंद्र भी हैँ…. इसी को लेकर फुटतालाब में नवरात्रि महोत्सव में इंदौर और बड़ौदा के कलाकारों ने केसरिया ध्वज लेकर गरबा किया और उपस्थित लोगों को सनातन धर्म का महत्व बताया….धार्मिक नृत्य नाटिकाओं के माध्यम से गरबो की प्रस्तुतियाँ प्रतिदिन श्रीगणेश पूजन के गरबो के साथ मनोहारी और जींवत दृश्यों को फुटतालाब की पावन धरा पर उकेर रही है भक्तिमय और माँ की पवित्र स्तुतियों से सजे गरबा पंडाल के केंद्र में चल रहे गरबो ने गुरुवार रात फुटतालाब में लोगो के कदमो को रोक दिया

गुजरात के अहमदाबाद बडौदा मध्य प्रदेश के इंदौर और झाबुआ जिले के गरबा समूहों द्वारा दी जा रही पारंपरिक और गुजराती गरबा प्रस्तुतियों के बीच आयोजन नित नई ऊँचाईयो को छू रहा है जानकारी देते हुए आयोजन समिति के वरिष्ठ सदस्य सुरेश चंद्र पूरणमल जैन ने बताया कि इस बार के नवरात्रि महोत्सव में भारत के सबसे बड़े गरबा गायक अपूर्व शाह भी अपनी प्रस्तुतियाँ देने के लिए पहुंचेंगे उन्होंने बताया कि अपूर्व शाह अदानी ग्रुप के गरबो में अपना गायन करते हैं और हम सब का सौभाग्य है की उन्होंने फुटतालाब के लिएँ समय दिया है समिति के राजेश रिंकू जैन ने अधिक से अधिक लोगों से आयोजन में आकर धर्म लाभ लेने की अपील भी की है गुरुवार रात आरती करने के लिए विशेष रूप से

थांदला के एसडीओपी नीरज नामदेव और जिले की परिवहन अधिकारी भी पहुँची उन्होंने आयोजन की प्रशंसा कर आयोजन में व्यवस्थाओं को भी देखा l श्री वनेश्वर मारुति नंदन हनुमान मंदिर पर चल रहे गरबा महोत्सव में विशेष रूप से प्रतिदिन प्रशासकीय अधिकारी भी परिवार के साथ पहुँच रहे हैँ….वही जनप्रतिनिधि भी बडी संख्या में आयोजन को देखने के लिए आ रहे हैं समिति के वरिष्ठ सदस्य यशस्वी समाज सेवी सुरेश चंद्र पूरणमल जैन राजेश रिंकू जैन और मंदिर के महंत श्री दिलीपदास जी द्वारा सभी का अभिवादन और स्वागत भी किया जा रहा है l अलग-अलग क्षेत्र से पहुँच रहे स्थानीय गरबा समूह की वेशभूषा भी देखते ही बन रही है l गरबा समूह की गरबा खेलने की स्टेप्स आम लोगों को भी प्रभावित कर रही है इसी के चलते देर रात बड़ी संख्या में दर्शन करने के लिए पहुँचे लोगों ने भी गुजरात और स्थानीय गरबा समूहो के साथ कदमताल करते हुए गरबा किया और फुटतालाब में हो रहे आयोजन की गरिमा और अनुशासन के साथ माँ की भक्ति को भी नया भक्तिमय विस्तार दिया।






